ड्रग्स टेक्निकल एडवाइजरी बोर्ड ने केंद्र सरकार के पास प्रस्ताव भेजा है। इस प्रस्ताव में कहा गया है कि आयरन की गोलियों और पोलियो की दवा के रैपर में अंग्रेजी के अलावा हिंदी एवं अन्य भारतीय भाषाओं में नाम प्रिंट किए जाएं। दवा की एक्सपायरी डेट भी हिंदी में लिखना अनिवार्य किया जाए।

उल्लेखनीय है कि दवाओं के नाम और उन निर्देश अंग्रेजी भाषा में बहुत छोटे-छोटे अक्षरों में लिखे होते हैं। जिसके कारण उन्हें समझ पाना मरीजों के लिए संभव नहीं होता है। इस स्थिति को देखते हुए ड्रग्स टैक्टिकल एडवाइजरी बोर्ड ने सरकार से हिंदी भाषा एवं अन्य क्षेत्रीय भाषाओं में भी रैपर प्रिंट करने का प्रस्ताव दिया है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here